ਅੰਗਰੇਜ਼ੀ ਪੱਤਰਕਾਰ ਦਾ ਦਾਅਵਾ-ਆਸਾਰਾਮ ਤੇ ਰਾਮ ਰਹੀਮ ਦਾ ਪਿਓ ਹੈ ਬਾਬਾ ਰਾਮਦੇਵ !!

Share

ਅੰਗਰੇਜ਼ੀ ਪੱਤਰਕਾਰ ਦਾ ਦਾਅਵਾ-ਆਸਾਰਾਮ ਤੇ ਰਾਮ ਰਹੀਮ ਦਾ ਪਿਓ ਹੈ ਬਾਬਾ ਰਾਮਦੇਵ !!
ਵੈਸੇ ਤਾਂ ਪੰਜਾਬ ਸਮੇਤ ਇਸ ਮੁਲਕ ਦੇ ਬਹੁਤ ਸਾਰੇ ਪਖੰਡੀ ਬਾਬੇ ਕਿਸੇ ਨਾ ਕਿਸੇ ਕਾਰਨ ਖਬਰਾਂ ਚ ਰਹਿੰਦੇ ਹਨ। ਕਦੇ ਬਲਾਤਕਾਰ ਦਾ ਮਾਮਲਾ ਤੇ ਕਦੇ ਕਤਲ ਦਾ ਕੇਸ,ਕਦੇ ਠੱਗੀ ਥੋਰੀ ਤੇ ਕੀਤੇ ਸਮਗਲਿੰਗ ਆਦਿ। ਇਹ ਸਾਰਾ ਕੁਝ ਸਰਕਾਰੀ ਸਰਪ੍ਰਸਤੀ ਵਿਚ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਤੇ ਇਸਦੇ ਮੋਹਰੇ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਇਹ ਬਾਬੇ ਜੋ ਧਰਮ ਦੇ ਬਾਰੇ ਚ ਲੋਕਾਂ ਨਾਲ ਧੋਖਾ ਕਰਦੇ ਹਨ। ਇਹਨਾਂ ਚੋਂ ਪਤੰਜਲੀ ਵਾਲੇ ਰਾਮਦੇਵ ਬਾਰੇ ਇੱਕ ਪੱਤਰਕਾਰ ਬੀਬੀ ਨੇ ਖੁਲਾਸਾ ਕੀਤਾ ਹੈ ਕਿ ਰਾਮਦੇਵ ਰਾਮਰਹੀਮ ਅਤੇ ਆਸਾਰਾਮ ਦਾ ਵੀ ਪਿਓ ਹੈ।

अंग्रेजी पत्रकार प्रियंका पाठक

नारायण पिछले कुछ सालो से बाबा रामदेव पर स्टडी कर रही है प्रियंका पाठक ने करीब 6 साल की कठोर मेहनत से बाबा रामदेव पर रिसर्च करती रही और उसपर एक बुक लिखी है जिसका नाम है ‘गॉडमैन टू टाइकून’। इस बुक में बाबा रामदेव के फर्श से शीर्ष तक के सफर को बड़े ही सहज तरिके से बताया है प्रियंका पाठक के अनुसार यह सब इनफार्मेशन उसने बाबा रामदेव के आसपास व उसके निजी रहे लोगो से ली है|

प्रियंका पाठक के अनुसार बाबा रामदेव के गुरु शंकर देव एक दिन सुबह की सैर के वक्त से गायब है या हो गए। आपको बता दे की गुरु शंकर देव वही शख्स है जिन्होंने ही हरिद्वार में बाबा रामदेव को दिव्य योग मंदिर ट्रस्ट और अपनी अरबों रूपए की ज़मीने दान की।जब गुरु शंकर देव रहस्मयी तरीके से गायब हुए तो बाबा रामदेव उस वक्त जुलाई 2007 में ब्रिटेन यात्रा पर थे अपने प्रमुख गुरु के लापता होने के बाद भी रामदेव ने अपने ब्रिटेन यात्रा चालू रखी और गायब होने के दो महीने बाबा रामदेव भारत वापिस लौटे।राजीव दीक्षित, जिसके स्वदेशी अभियान पर आज पतंजलि का सम्पूर्ण करोबार चल रहा है 2010 में राजीव दीक्षित लोगो को सम्बोधित करने गए,उस वक्त बाथरूम में उनकी लाश मिली लेकिन अगर उस वक्त मरने के उपरांत उनका पोस्टमार्डर होता तो

शायद उसकी मौत के रहस्य से पर्दा उठ जाता लेकिन उसकी मौत के तुरंत बाद राजीव दीक्षित के पार्थिव शरीर को बाबा के आश्रम में लाया गया व उसके शरीर को अग्नि देने में बहुत ही ज्यादा जल्दबाजी की गई और लोगो को कहा गया की उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई है लेकिन राजीव दीक्षित की शव यात्रा में शामिल लोगो के अनुसार राजीव दीक्षित के होठो का रंग नीला पड़ने लगा था। अक्सर ऐसा शरीर, जहर के होने से होता है।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *